भीमताल में विश्व पर्यावरण दिवस पर बोले सीएम पुष्कर सिंह धामी, हमें पर्यावरण संरक्षण को फिर से जन आंदोलन बनाना होगा
कहा -प्रकृति और पर्यावरण को संरक्षित और सुरक्षित रखना हम सभी का दायित्व
नैनीताल। विश्व पर्यावरण दिवस के मौके पर नैनीताल जिले के भीमताल स्थित रामलीला मैदान में आयोजित जनसभा कार्यक्रम के दौरान उपस्थित जनता को संबोधित करते हुए सीएम धामी ने उपस्थित जनता को विश्व पर्यावरण दिवस की बधाई एवं शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि यहां की सुंदर झील, चारों ओर फैली हरियाली तथा पर्वतों की अद्भुत श्रृंखला और प्रकृति की अनुपम छटा हमें केवल आनंद का अनुभव ही नहीं कराती बल्कि हमें ये भी याद दिलाती है कि प्रकृति और पर्यावरण ही हमारा वर्तमान भी है और भविष्य भी है। इसलिए इस प्रकृति और पर्यावरण को संरक्षित और सुरक्षित रखना हम सभी का दायित्व है। सीएम धामी ने कहा कि आज का दिन केवल पौधे लगाने या औपचारिक कार्यक्रमों को करने का ही नहीं है बल्कि आज का दिन आत्मचिंतन करने का भी दिन है। आज का दिन स्वयं से ये पूछने का अवसर है कि हम अपने बच्चों और आने वाली पीढिय़ों को कैसी धरती कैसा पर्यावरण और कैसा भविष्य सौंपकर जाना चाहते हैं? कया हम उन्हें स्वच्छ नदियाँ, हरे-भरे जंगल और शुद्ध वातावरण देंगे या फिर प्रदूषणए जल संकट और पर्यावरणीय चुनौतियों से भरा भविष्य देकर जायेंगे इस प्रश्न का उत्तर हम सभी को स्वयं से पूछना होगा। सीएम धामी ने कहा कि प्रधानमंत्राी के नेतृत्व में भारत ने विश्व को एक नई दिशा देने का काम किया है। उन्होंने पूरी दुनिया को यह संदेश दिया है कि विकास और पर्यावरण एक दूसरे के विरोधी नहीं हैं। इसी सोच के साथ भारत प्रकृति भी और प्रगति भी के मंत्र को लेकर आगे बढ़ रहा है। प्रधानमंत्री ने मिशन लाइफ के माध्यम से दुनिया को यह संदेश दिया कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारों की जिमेदारी नहीं है। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने प्रदेश के प्रत्येक परिवार से आग्रह किया कि वह अपनी माँ के नाम एक पौधा अवश्य लगाए और उसे वृक्ष बनाएं। उन्होंने कहा कि जब पूरी दुनिया जंगलों की रक्षा की बात कर रही थी तब उत्तराखंड की मातृशक्ति ने चिपको आंदोलन के माध्यम से इतिहास रचा था। गौरा देवी और यहां को माताओं, बहनों ने दुनिया को यह संदेश दिया था कि प्रकृति की रक्षा के लिए जनशक्ति से बड़ी कोई शक्ति नहीं होती, आज फिर उसी भावना को जगाने की आवश्यकता है। आज फिर हमें पर्यावरण संरक्षण को जन आंदोलन बनाना होगा। मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि सरकार का उद्देश्य अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक विकास पहुंचाना है। उन्होंने कहा कि नैनीताल जनपद की भौगोलिक स्थिति को देखते हुए शिक्षाए स्वास्थ्य एवं सडक़ कनेटिविटी सरकार की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार पर्यावरण संरक्षण के साथ विकास के मॉडल पर काम कर रही है। इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री रामसिंह कैड़ा ने मुख्यमंत्री का स्वागत एवं आभार व्यक्त करते हुए भीमताल विधानसभा क्षेत्रा अंतर्गत गतिमान विभिन्न योजनाओं एवं विकास कार्यों का उल्लेख करते हुए सरकार की जनकल्याणकारी नीतियों योजनाओं की जानकारी दी। इससे पूर्व मुख्यमंत्री द्वारा रामलीला मैदान में स्थित श्री हनुमान मंदिर में दर्शन कर पूजा अर्चना की। कार्यक्रम में अध्यक्ष जिला पंचायत दीपा दरमवाल, विधायक नैनीताल सरिता आर्या, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रताप बिष्ट, उत्तराखंड सरकार में दर्जा राज्य मंत्री डॉ. अनिल कपूर डबबू, ध्रुव रौतेला, भावना मेहरा, हुमुक सिंह कुंवर तथा देवेंद्र सिंह, बलाक प्रमुख भीमताल डॉ. हरीश सिंह बिष्ट, धारी भावना आर्या तथा अध्यक्ष नगर पालिका भीमताल सीमा टमटा, भाजपा प्रदेश महामंत्री तरुण बंशल, पूर्व मंत्राी सुरेश आर्या तथा कुमाऊं आयुक्त एवं सचिव मुख्यमंत्री दीपक रावत, जिलाधिकारी ललित मोहन रयाल, कुमाऊं विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. दीवान सिंह रावत तथा सीडीओ अरविंद कुमार पाण्डे, एसपी जगदीश चंद्र सहित क्षेत्रीय जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संखया में स्थानीय लोग उपस्थित रहे।

