आपदा विशेषज्ञ और कार्यकर्ता के नाते कोठियाल की सलाह को गंभीरता से लेगी सरकार, कहा -पार्टी विमर्श और सरकार यथोचित कदम उठाएगी : चमोली
कहा – तथ्यों के पूर्ण निष्कर्ष से पहले राजनैतिक बयानबाजी से बचे विपक्ष
देहरादून । भाजपा ने दायित्वधारी कर्नल कोठियाल को लेकर वायरल जानकारी पर स्पष्ट किया कि सरकार ने सभी संभव उपायों से थराली में राहत बचाव कार्य संपन्न किए हैं। फिर भी हमारे एक वरिष्ठ और रेस्क्यू में अनुभवी कार्यकर्ता के तथ्यों को पार्टी गंभीरता से लेगी और सरकार भी यथोचित कार्रवाई करेगी। वहीं विपक्ष से भी आग्रह किया, तथ्यों के पूर्णतया निष्कर्ष से पूर्व किसी भी तरह की राजनैतिक बयानबाजी से बचना चाहिए।
पार्टी मुख्यालय में मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए वरिष्ठ विधायक एवं प्रदेश प्रवक्ता विनोद चमोली ने कहा, कर्नल कोठियाल ने थराली आपदा को लेकर जो भी तथ्य कहे हैं उसपर पार्टी गंभीरता से विमर्श करते हुए, जरूरत अनुसार सरकार उस पर निर्णय लेगी। पार्टी का मत स्पष्ट है कि कार्यकर्ता यदि कोई बात कहता है तो नेतृत्व उसे संज्ञान में लेता है है।
उन्होंने कहा कि कर्नल कोठियाल एक वरिष्ठ कार्यकर्ता होने के साथ आपदा बचाव अभियान के विशेषज्ञ हैं और उन्होंने केदारनाथ आपदा में बहुत काम किया है। लिहाजा विशेषज्ञता के आधार पर उनके पास जो भी अतिरिक्त जानकारी होगी, पार्टी नेतृत्व उनसे चर्चा करेगा। यहां उन्होंने एक और बात स्पष्ट की कि कर्नल कोठियाल एक फौजी हैं, लिहाजा एक सैनिक की भांति उन्हें जो दिखा या लगा, उन्होंने उसे सीधा सीधा कह दिया। चूंकि बहुत प्रशासनिक एवं व्यवहारिक तथ्य भी थे, जिनका जिक्र उन्होंने तत्काल नही किया। लिहाजा उनका यह पूरा बयान एकतरफा सा प्रस्तुत हो गया है। लेकिन हम एक राजनीतिक दल है और हम एक एक कार्यकर्ता के प्रति गंभीर है। निश्चित तौर पर उनसे बात की जाएगी कि किस आधार पर उनके द्वारा आपदा से जुड़े तथ्यों को प्रस्तुत किया गया। उन्होंने उम्मीद करती कि इस पूरे मसले पर सरकार भी गंभीरतापूर्वक विचार करेगी। यदि इससे कहीं भी सुधार की गुंजाइश होगी तो उसपर अवश्य बढ़ा जाएगा।
उन्होंने कांग्रेस के बयानों पर उन्होंने स्पष्ट किया कि एक विपक्षी दल के नाते वे अपनी भूमिका का निर्वहन कर रहे है। लेकिन फिर भी हमारी आग्रह है कि बिना पूरी बात को समझे किसी भी राजनैतिक सामाजिक व्यक्ति को टीका टिप्पणी करने से बचना चाहिए। यह विषय राजनीति का नही है, जो जानकारी में आ रहा है उस पर तो सरकार विचार करेगी ही। एक जिम्मेदार विपक्ष के नाते, इससे अलग भी कोई जानकारी है तो उसे भी प्रक्रिया के तहत उन्हें सामने लाना चाहिए। इसे वावजूद अनर्गल बयानबाजी करने या किसी भी तरह का राजनीतिक स्टंट कर, भ्रम एवं झूठ फैलाने से बचा जाना चाहिए।

