मयूर दीक्षित हरिद्वार व नीतिका खंडेलवाल बनीं टिहरी की जिलाधिकारी
हरिद्वार नगर निगम जमीन में हुए करोड़ों के घोटाले के बाद एक्शन में धामी सरकार
देहरादून। हरिद्वार नगर निगम की जमीनों में हुए करोड़ों रुपये के घोटाले ने उत्तराखंड की अफसरशाही को हिला कर रख दिया है। सरकार ने बड़ी कार्रवाई करते हुए हरिद्वार के जिलाधिकारी कर्मेंद्र सिंह समेत दो आईएएस और एक पीसीएस अधिकारी को निलंबित कर दिया। निलंबन के बाद देर शाम शासन ने आईएएस अफसरों के तबादलों की सूची भी जारी कर दी, जिसमें हरिद्वार और टिहरी के डीएम बदले गए। 2013 बैच के आईएएस मयूर दीक्षित को हरिद्वार का नया जिलाधिकारी नियुक्त किया गया है। वे वर्तमान में टिहरी गढ़वाल के डीएम पद पर तैनात थे और टिहरी बांध पुनर्वास निदेशक तथा जिला विकास प्राधिकरण टिहरी के उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी निभा रहे थे। अब उन्हें इन सभी पदों से मुक्त कर सीधे हरिद्वार की कमान सौंपी गई है। शासन को उम्मीद है कि वे हरिद्वार की छवि को फिर से संवारने का काम करेंगे। वहीं, मयूर दीक्षित की जगह 2015 बैच की आईएएस अधिकारी नीतिका खंडेलवाल को टिहरी गढ़वाल का जिलाधिकारी बनाया गया है। वे इससे पहले अपर सचिव (सूचना प्रौद्योगिकी, सुराज एवं विज्ञान प्रौद्योगिकी), निदेशक-यूएसएसी और हिल्ट्रान की प्रबंध निदेशक के पदों पर कार्यरत थीं। उन्हें अब टिहरी बांध पुनर्वास परियोजना की निदेशक की जिम्मेदारी भी दी गई है। शासन के उच्च सूत्रों के अनुसार हरिद्वार जैसे धार्मिक और संवेदनशील जिले में प्रशासनिक पारदर्शिता बनाए रखना सर्वाेच्च प्राथमिकता है। मयूर दीक्षित को अनुभव और ईमानदार छवि के चलते यह जिम्मेदारी दी गई है, जबकि नीतिका खंडेलवाल से भी टिहरी जैसे पहाड़ी जिले में विकास कार्यों को गति देने की उम्मीद जताई जा रही है।
देहरादून। हरिद्वार नगर निगम की जमीनों में हुए करोड़ों रुपये के घोटाले ने उत्तराखंड की अफसरशाही को हिला कर रख दिया है। सरकार ने बड़ी कार्रवाई करते हुए हरिद्वार के जिलाधिकारी कर्मेंद्र सिंह समेत दो आईएएस और एक पीसीएस अधिकारी को निलंबित कर दिया। निलंबन के बाद देर शाम शासन ने आईएएस अफसरों के तबादलों की सूची भी जारी कर दी, जिसमें हरिद्वार और टिहरी के डीएम बदले गए। 2013 बैच के आईएएस मयूर दीक्षित को हरिद्वार का नया जिलाधिकारी नियुक्त किया गया है। वे वर्तमान में टिहरी गढ़वाल के डीएम पद पर तैनात थे और टिहरी बांध पुनर्वास निदेशक तथा जिला विकास प्राधिकरण टिहरी के उपाध्यक्ष की जिम्मेदारी भी निभा रहे थे। अब उन्हें इन सभी पदों से मुक्त कर सीधे हरिद्वार की कमान सौंपी गई है। शासन को उम्मीद है कि वे हरिद्वार की छवि को फिर से संवारने का काम करेंगे। वहीं, मयूर दीक्षित की जगह 2015 बैच की आईएएस अधिकारी नीतिका खंडेलवाल को टिहरी गढ़वाल का जिलाधिकारी बनाया गया है। वे इससे पहले अपर सचिव (सूचना प्रौद्योगिकी, सुराज एवं विज्ञान प्रौद्योगिकी), निदेशक-यूएसएसी और हिल्ट्रान की प्रबंध निदेशक के पदों पर कार्यरत थीं। उन्हें अब टिहरी बांध पुनर्वास परियोजना की निदेशक की जिम्मेदारी भी दी गई है। शासन के उच्च सूत्रों के अनुसार हरिद्वार जैसे धार्मिक और संवेदनशील जिले में प्रशासनिक पारदर्शिता बनाए रखना सर्वाेच्च प्राथमिकता है। मयूर दीक्षित को अनुभव और ईमानदार छवि के चलते यह जिम्मेदारी दी गई है, जबकि नीतिका खंडेलवाल से भी टिहरी जैसे पहाड़ी जिले में विकास कार्यों को गति देने की उम्मीद जताई जा रही है।

